पत्नि के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाने हेतु पेश की गई रिवीजन याचिका हुई ख़ारिज*

केकड़ी -8 जुलाई (विधि संवाददाता )*
*अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश प्रवीण कुमार वर्मा ने बांदनवाड़ा निवासी निरंजन शर्मा पुत्र सत्यनारायण शर्मा की रिवीजन याचिका पर सुनवाई करते हुए पत्नि के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की प्रार्थना ख़ारिज कर दी।प्रकरण के तथ्यों के अनुसार परिवादी निरंजन शर्मा ने 8 फ़रवरी 2024 को अपनी पत्नि मधुबाला के खिलाफ केकड़ी के एसीजेएम कोर्ट में परिवाद पेश करते हुए निवेदन किया कि उसकी पत्नि ने इंडियन गैस कम्पनी के मालिक आत्मिका गैस एजेंसी के कर्मचारियों से मिली भगत कर उसकी गैस की डायरी में कूट रचना करते हुए अपने नाम ट्रांसफर कर दी जिसकी रिपोर्ट पुलिस थाना भिनाय को देने पर उन्होंने रिपोर्ट दर्ज नहीं कि इसलिये परिवाद पेश कर मुकदमा दर्ज करवाने की प्रार्थना की थी।जिस पर कोर्ट ने परिवाद दर्ज कर परिवादी व उसके गवाहों के बयान लेने के बाद परिवाद ख़ारिज कर दिया जिस पर पति निरंजन की और से रिवीजन याचिका पेश कर निवेदन किया गया कि संज्ञेय अपराध की प्राथमिकी दर्ज किया जाना आवश्यक है तथा पत्नि मधु बाला ने कुटरचना व बेईमानी की है।जिसका विरोध करते हुए विपक्षी पक्षकार मधुबाला की और से पैनल लॉयर मनोज आहूजा ने पैरवी करते हुए तर्क दिया कि रिवीजन याचिका चलने योग्य नहीं है क्योंकि परिवादी ने उस मूल आदेश को चेलेंज नहीं किया है जिसमें कोर्ट ने परिवाद को पुलिस में भेजने से मना करते हुए खुद ने ही बयान दर्ज किये थे। तथा कोर्ट ने जाँच के बाद कोई संज्ञेय अपराध माना भी नहीं है।*
*न्यायालय ने अप्रार्थिया मधुबाला के अधिवक्ता मनोज आहूजा के तर्कों से सहमत होते हुए रिवीजन याचिका ख़ारिज करने के आदेश पारित किये।*





