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*छोटा सा नियम या व्रत जीवन की दिशा व दशा बदल देता है ।*

*पुण्यशाली वो होते है जो व्रतों व नियमों को अंगिकार कर पाते है ।*

*केकड़ी 24 अगस्त (ब्यूरो )*
*छोटा सा नियम या व्रत जीवन की दिशा व दशा बदल देता है ।*
*समय बढ़ता जा रहा है वह किसी से रुकने वाला नहीं है । आयु की क्षीणता होती जा रही है, जो आज है वह कल नहीं होगा ।*
*जो नियम या व्रत लेना है उसे कल के भरोसे नहीं छोड़ना चाहिए ।*
*वैराग्य की राह आसान नहीं होती है जो कठोर निर्णय ले लेता है वो मोक्ष मार्ग की ओर बढ़ जाता है ओर समय का इंतजार करता हुआ व्यक्ति पूरा जीवन व्यर्थ निकाल देता है ।*
*बोहरा कॉलोनी स्थित  नेमीनाथ मंदिर में चातुर्मास कालीन आयोजित धर्म सभा में आचार्य सुंदर सागर महाराज की सुशिष्या आर्यिका सुरम्यमति माताजी ने धर्म उपदेश में कहे ।*
*उन्होंने कहा कि देव शास्त्र व गुरु का समागम अपने जीवन मे आने से हमारे मन मे शुद्धता आती है, हमे सही राह नजर आती है , हम भटकने से बच जाते है और कर्मो की निर्जरा होती है ।*
*प्रातः शांति धारा, जिनेंद्र अर्चना सहित धार्मिक क्रियाएं आर्यिका ससंघ के सानिध्य में संपन्न हुई।*
*मध्यान्ह में माताजी द्वारा धर्म प्रेमियों को गोम्मटसार जीव कांड स्वाध्याय एवं जिज्ञासा समाधान किया ।*
*समाज के अध्यक्ष ज्ञान चंद जैन व मंत्री कैलाश जैन  ने बताया कि शाम को आरती भक्ति संगीत त्रिलोकसार ग्रंथ स्वाध्याय एवं आनंद यात्रा सहित आर्यिका माताजी द्वारा आत्मअनुभूति आत्मज्ञान शिविर का ध्यान कार्यक्रम हुआ।*

*आचार्य श्री के चित्र अनावरण, दीप प्रज्वलन, पाद प्रक्षालन व शास्त्र भेंट करने का सौभाग्य अशोक कुमार अंकुर कुमार अंशुल कुमार ठेग्या परिवार ने प्राप्त किया ।*
*आयोजित कार्यक्रम में कवि शहनाज हुसैन ने आर्यिका माताजी को श्रीफल भेंट कर आशीर्वाद लिया तथा आचार्य सुन्दर सागर महाराज व सुरमयमती माताजी पर कविता प्रस्तुत की ।*
*सांयकालीन कार्यकम में भव्य आनंद यात्रा के साथ 48 दीपकों द्वारा भक्तामर स्त्रोत्र का पाठ किया गया ।*

*धर्म सभा का संचालन  पंडित निकेत शास्त्री ने किया ।*

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